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डीएम मयूर दीक्षित की जनसुनवाई में उमड़े फरियादी 90 में से 55 शिकायतों का मौके पर निस्तारण

डीएम मयूर दीक्षित की जनसुनवाई में उमड़े फरियादी 90 में से 55 शिकायतों का मौके पर निस्तारण

भारत आवाज़ (24*7)

(विशाल सिंह) ​हरिद्वार, 2 नवंबर जनपदवासियों की समस्याओं के त्वरित और प्रभावी निराकरण के लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में साप्ताहिक जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों से जुड़ी कुल 90 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 55 समस्याओं का मौके पर ही त्वरित निस्तारण कर दिया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को भेजकर जल्द से जल्द समाधान के निर्देश दिए गए हैं।

​प्रमुख समस्याएं और आवेदन:

जनसुनवाई के दौरान राजस्व, भूमि विवाद, विद्युत, अतिक्रमण, जलभराव, पेयजल और राशन कार्ड से जुड़ी समस्याएं प्रमुखता से सामने आईं।

  • ​श्यामलाल (निवासी जगजीतपुर) ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत आवास उपलब्ध कराने के लिए आवेदन दिया।
  • ​धर्मेंद्र (पुत्र लालसिंह) ने वर्ष 1998-99 में रुड़की के रांघडवाला परगना में आवंटित पट्टे (खसरा नंबर 333) को आज तक खतौनी में दर्ज न किए जाने की शिकायत दर्ज कराई।
  • ​समाजसेवी नितिन यादव ने भागीरथी बिंदु से गीता कुटीर तक गंगा पटरी मार्ग के निर्माण एवं सौंदर्यीकरण तथा भूपतवाला में पिछले 25 वर्षों से चल रहे पीठ बाजार की व्यवस्था सुधारने और उसे अन्य उचित भूमि पर स्थानांतरित करने का प्रार्थना पत्र सौंपा।

​लापरवाही बरतने पर होगी सख्त कार्रवाई:

जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने सभी अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि जनता द्वारा दर्ज कराई जा रही समस्याओं का समयबद्ध और संवेदनशीलता के साथ निस्तारण किया जाए। इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिन मामलों में स्थलीय निरीक्षण जरूरी है वहां अधिकारी आपसी समन्वय बनाकर मौके पर जाएं और संतुष्टिपूर्ण समाधान सुनिश्चित करें।

​सीएम हेल्पलाइन के लंबित मामलों पर नाराजगी:

बैठक में सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों की समीक्षा करते हुए मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र ने अधिकारियों को कड़ी हिदायत दी। उन्होंने निर्देश दिए कि 36 दिन से अधिक समय से लंबित शिकायतों (जिनमें एल-1 स्तर पर 524 और एल-2 स्तर पर 134 शिकायतें शामिल हैं) का प्राथमिकता से निस्तारण किया जाए। साथ ही, शिकायतकर्ताओं से फोन पर बात करने और आवश्यकतानुसार मौके पर जाकर उनकी समस्या का समाधान करने को कहा गया।

​बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रुड़की दीपक रामचंद्र सेठ, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) जितेंद्र कुमार, सीएमओ डॉ. आर.के. सिंह सहित तमाम जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।

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